ह्रदय रोग – आपके सवालों के जवाब | Heart disease FAQ in Hindi

heart disease faq in Hindi

आज दुनियाभर में हर 3 में से 1 व्यक्ति को हृदय रोग (Heart Disease) की समस्या है। आधुनिक युग की बिगड़ी जीवनशैली दिल के बीमारी की एक मुख्य वजह हैं। एक तरफ जहाँ मशीनों ने हमें आलसी बना दिया है वही फास्टफूड के बढ़ते चलन की वजह से हमारे शरीर को सही पोषण भी नहीं मिल रहा हैं।

ईस लेख मे आप को यह जानकारी मिलेंगी hide

दुनिया में लगभग हर मिनिट किसी न किसी व्यक्ति कि ह्रदय कि बीमारी के कारण मृत्यु हो जाती है। ह्रदय रोग की समस्या तेज़ी से बढ़ रही है और इससे संबंधित भ्रांतियाँ भी। मुझे रोज़ाना कई रोगी और पाठक हृदय रोग से जुड़े सवाल पूछते रहते है। आज के इस लेख में मैं आपके साथ हृदय रोग से जुड़े ऐसे ही कुछ महत्वपूर्ण सवालों के जवाब देने जा रहा हूँ जिससे आपको हृदय रोग से जुड़ी सही जानकारी मिले।

क्या हृदय रोग केवल 40 वर्ष से ज़्यादा उम्र के लोगों को ही होता है ?

यह सच है कि, ह्रदय कि बीमारी होने का अधिक खतरा 40 वर्ष से ज़्यादा उम्र के लोगों में अधिक होता है परन्तु ह्रदय कि बीमारी किसी भी आयु वर्ग के पुरुष और महिला को प्रभावित कर सकती है। जो व्यक्ति healthy lifestyle का अनुकरण नहीं करते है उन्हें ह्रदय कि बीमारी के साथ Diabetes, Hypertension और Atherosclerosis होने का खतरा बना रहता है। जिन लोगो के परिवार में नजदिक के रिश्तेदारो में जैसे कि माता-पिता या भाई-बहन में कम आयु में ह्रदय कि बीमारी हुई होती है, उन्हें कम आयु में इस बीमारी के खतरे कि संभावना अधिक होती है। कोरोना वायरस के संक्रमण की महामारी के बाद 2019 से यह देखने में आ रहा है कि 20 से 30 वर्ष के आयु के युवा भी Heart Attack से अपनी जान गवाँ रहे है।

क्या हृदय रोग केवल पुरुष में अधिक होते है और महिलाओं में इसका ख़तरा कम है ?

ह्रदय कि बीमारी किसी भी आयु वर्ग के पुरुष और महिला को प्रभावित कर सकती है और 50 वर्ष के बाद पुरुष के मुकाबले महिला को अधिक प्रभावित करती है। 50 वर्ष आयु के पहले महिला में Estrogen Hormone महिला को ह्रदय कि बीमारी के खतरे से कुछ हद तक बचाता है इसलिए महिला में 50 वर्ष तक हृदय रोग का ख़तरा कम देखा जाता है। जो युवा महिला Oral Contraceptive Pills लेती है या धूम्रपान करती है, या जिनके परिवार में ह्रदय कि बीमारी का इतिहास है, उन्हें इसका खतरा अधिक होता है।

क्या हल्का दिल का दौरा (Minor Heart attack) से घबराने की ज़रूरत नहीं है ?

दिल का दौरा (Heart attack) हल्का या भारी नहीं होता है। दिल के दौरे के बाद कई लोग तो हॉस्पिटल तक भी नहीं पहुच पाते है और जो पहुचते है उनमे से कुछ जीवित नहीं बच पाते है। दिल के दौरे को कभी हलके में न ले और सीने में दर्द, बहुत पसीना आना, जबड़े मे दर्द, हात में दर्द इत्यादि लक्षण दिखाई देने पर तुरंत अपने डॉक्टर से संपर्क करे। दिल का दौरा पड़ने के बाद डॉक्टर के सलाह अनुसार अपने आहार विहार और दिनचर्या में आवश्यक बदलाव करे।

क्या बिना किसी हृदय रोग के लक्षण भी हृदय रोग हो सकता है ?

लगभग 30 % ह्रदय रोगियों में ह्रदय कि बीमारी का कोई लक्षण नहीं होते है और इसीलिए इसे Silent Killer भी कहा जाता है। कभी-कभी ह्रदय कि बीमारी के लक्षण को रोगी Acidity, अपचन या स्नायु का दर्द समझ कर उस ओर गंभीरता से ध्यान नहीं देता है और फिर बिमारी अधिक बढ़ जाने के बाद ही ह्रदय कि बीमारी का निदान होता है। सीने में दर्द या जलन, सांस लेने में तकलीफ, सीने में भारीपन और पसीना आना इत्यादि कोई लक्षण दिखने पर तुरंत डॉक्टर से जांच कराना चाहिए। अभी हाल ही में जून 2023 में देखा गया है कि हज़ार से ज़्यादा हृदय के ऑपरेशन करने वाले हृदय रोग के डॉक्टर की हार्ट अटैक से मृत्यु हो गई जब कि उन्हें कोई हृदय रोग के लक्षण भी नहीं थे।

क्या आनुवंशिक होने पर ह्रदय रोग को रोक पाना मुश्किल होता है

ह सच है कि अगर आपके माता या पिता को ह्रदय रोग है तो आपको ह्रदय रोग होने का खतरा अधिक होता है, पर अगर आप संतुलित आहार-विहार, व्यायाम और योग करे तो इस खतरे को काफी हद तक कम कर सकते है। रोजाना व्यायाम, संतुलित आहार, 20 वर्ष कि आयु से ही Cholesterol का नियंत्रण, स्वस्थ वजन बनाए रखे। धूम्रपान, शराब आदि नशा न करे।

क्या सीने में दर्द न होने पर भी हार्ट अटैक आ सकता है ?

यह सच है कि ज्यादातर ह्रदय कि बीमारी या Heart attack में सीने में दर्द होता है परन्तु जरुरी नहीं है कि हर Heart attack के समय सीने में दर्द हो। कुछ Heart attack के समय सिर्फ सांस लेने में तकलीफ होना, चक्कर आना, सीने में भारीपन, कंधे, जबड़ा या गर्दन में दर्द इत्यादि लक्षण दिखाई देते है। ध्यान रहे कि इन लक्षणों में से कोई भी लक्षण दिखाई देने पर तुरंत अपने डॉक्टर से ECG, Troponin T, Treadmill test इत्यादि जांच करा ले।

क्या Angioplasty, Stent या Bypass Surgery हृदय को बिलकुल ठीक कर देती है ?

Angioplasty, Stent या Bypass Surgery ह्रदय कि रक्त वाहिनियों को सही कर सकती है। यदि दिल के दौरे के कारण ह्रदय को क्षति हुई है तो ह्रदय गति में अचानक बदलाव या ह्रदय गति के रुकने से अचानक मृत्यु होने कि संभावना रहती है। इसलिए ज़रूरी है कि आप Angioplasty, Stent या Bypass Surgery के बाद अपने डॉक्टर से नियमित जांच करते रहे और उनके सलाह अनुसार दवा लेने के साथ-साथ आहार विहार में भी योग्य बदलाव करे।

क्या Bypass Surgery के बाद डॉक्टर से जांच करवाना या दवा लेना ज़रूरी नहीं है ?

Bypass Surgery हो या Angioplasty और Stent लगाना, यह सिर्फ वर्त्तमान समस्या का समाधान करते है। यह इलाज कराने के बाद भी नियमित रूप से अपने डॉक्टर द्वारा जांच और दवा लेना जरुरी है। खासकर Ecosprin और Clopidogrel जैसी रक्त का थक्का न बनने देने वाली दवा और उच्च रक्तचाप कि दवा बिना किसी डॉक्टरी सलाह के कभी बंद न करे।

क्या दिल का दौरा (Heart attack) आने के बाद कोई व्यायाम नहीं करना चाहिए ?

दिल का दौरा आने के बाद आप अपने डॉक्टर कि सलाह अनुसार मध्यम व्यायाम करना शुरू कर सकते है। जो रोगी दिल का दौरा आने के बाद नियमित व्यायाम करते है वे व्यायाम न करने वाले सुस्त ह्रदय रोगियों से ज्यादा लंबा और स्वस्थ जीवन जीते है। कोई भी व्यायाम शुरू करने से पहले अपने डॉक्टर कि राय ले और धीरे-धीरे व्यायाम करने कि गति और अवधि को बढ़ाए।

क्या हृदय की गति तेज चलने का मतलब हार्ट अटैक आनेवाला है ?

दिन में हर समय हर गतिविधि के साथ  हृदयगती (Heart rate) बदलते रहता है। जब आप बेहद खुश हो, उत्तेजित हो या व्यायाम कर रहे हो तब  हृदय गती बढ़ना सामान्य बात है। कभी-कभी हृदय गती असामान्य रूप से तेज हो जाती है जिसे Arrhythmia भी कहते है। अक्सर यह कोई गम्भीर बात नहीं होती है फिर भी बिना वजह  हृदय गती असामान्य रूप से तेज या मंद हो जाने पर डॉक्टर द्वारा जांच कर इलाज कराना ज़रूरी है।

अगर आपकी उम्र 30 वर्ष से अधिक है या अगर आपके घर परिवार में किसी को हृदय रोग है तो साल में एक बार अपना पूरा medical check up ज़रूर कराना चाहिए जिससे कि अगर आपको कोई रोग हो या होने वाला हो तो पहले से उसका निदान हो जाये और समय पर आपका उपचार और एहतियात भी शुरू हो जाये।

क्या आप जानते हैं ? – ECG जांच क्यों और कैसे की जाती हैं ?

अगर आपका हृदय रोग से जुड़ा कोई सवाल है तो नीचे कमेंट बॉक्स में या contact us page पर ज़रूर पूछे। मैं जल्द से जल्द आपके हर सवाल के जवाब देने की कोशिश करूँगा।

साल में एक बार ज़रूर करे – ट्रेडमिल जाँच कैसे करे और इसके फ़ायदे

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